West Bengal Budget 2026: आयुष्मान भारत के लिए ₹3100 करोड़, 7 करोड़ लोगों को मिलेगा ₹5 लाख तक मुफ्त इलाज
West Bengal Budget 2026 में स्वास्थ्य क्षेत्र को बड़ी सौगात
West Bengal Budget+: पश्चिम बंगाल सरकार ने बजट 2026 में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के लिए कई बड़े ऐलान किए हैं। राज्य के वित्त मंत्री स्वपन दासगुप्ता ने आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के लिए 3,100 करोड़ रुपये के बजट आवंटन की घोषणा की। इस फैसले से राज्य के लगभग 7 करोड़ लोगों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
सरकार का दावा है कि इस योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को प्रति वर्ष 5 लाख रुपये तक का मुफ्त स्वास्थ्य बीमा उपलब्ध कराया जाएगा। वहीं, जो गरीब परिवार किसी कारणवश इस योजना के दायरे में नहीं आ पाएंगे, उन्हें मुख्यमंत्री राहत कोष से आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
7 करोड़ लोगों को मिलेगा स्वास्थ्य सुरक्षा कवच
बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य हर नागरिक तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना है। आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से लाखों परिवारों को गंभीर बीमारियों के इलाज का खर्च उठाने में मदद मिलेगी।
सरकार का मानना है कि इस पहल से गरीब और निम्न आय वर्ग के लोगों पर इलाज का आर्थिक बोझ कम होगा और उन्हें बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं तक पहुंच मिल सकेगी।
उत्तर बंगाल में बनेगा AIIMS और कैंसर अस्पताल
बजट की सबसे बड़ी घोषणाओं में उत्तर बंगाल में AIIMS जैसी अत्याधुनिक स्वास्थ्य संस्था की स्थापना शामिल है। इसके साथ ही एक विशेष कैंसर अस्पताल भी बनाया जाएगा, जिससे कैंसर मरीजों को राज्य के भीतर ही बेहतर इलाज मिल सकेगा।
अब तक गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए बड़ी संख्या में लोगों को दूसरे राज्यों का रुख करना पड़ता था। नई स्वास्थ्य परियोजनाओं से इस समस्या को काफी हद तक कम करने की उम्मीद है।
सुंदरबन, पुरुलिया और दार्जिलिंग पर विशेष फोकस
सरकार ने स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए सुंदरबन और पुरुलिया क्षेत्रों पर विशेष ध्यान देने की घोषणा की है। इन इलाकों में सुपर स्पेशलिटी अस्पताल स्थापित किए जाएंगे।
इसके अलावा दार्जिलिंग में भी नए अस्पतालों के निर्माण की योजना बनाई गई है ताकि पहाड़ी क्षेत्रों के लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं मिल सकें।
सिउरी अस्पताल को बनाया जाएगा मेडिकल कॉलेज
बीरभूम जिले के सिउरी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल को उन्नत मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके साथ ही अलीपुरदुआर और पश्चिम बर्धमान में नए मेडिकल कॉलेज खोलने की भी घोषणा की गई है।
सरकार का मानना है कि नए मेडिकल कॉलेजों से न केवल स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा, बल्कि राज्य में डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों की उपलब्धता भी बढ़ेगी।
दीघा में खुलेगा ट्रॉमा केयर सेंटर
पर्यटन स्थल दीघा में एक आधुनिक ट्रॉमा केयर सेंटर स्थापित किया जाएगा। इससे सड़क दुर्घटनाओं और अन्य आपातकालीन स्थितियों में मरीजों को तत्काल उपचार उपलब्ध कराया जा सकेगा।
मुंबई और वेल्लोर में इलाज कराने वालों को मिलेगी राहत
हर साल पश्चिम बंगाल से हजारों मरीज बेहतर इलाज के लिए चेन्नई, वेल्लोर और मुंबई जैसे शहरों में जाते हैं। इन मरीजों और उनके परिजनों को रहने की समस्या का सामना करना पड़ता है।
इसे देखते हुए राज्य सरकार ने घोषणा की है कि मुंबई और वेल्लोर में इलाज कराने वाले बंगाल के मरीजों के लिए कम खर्च पर आवास सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इससे बाहर इलाज कराने वाले परिवारों को आर्थिक राहत मिलेगी।
स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ा निवेश
पश्चिम बंगाल बजट 2026 स्पष्ट संकेत देता है कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को अपनी प्राथमिकता बना रही है। आयुष्मान भारत के लिए 3,100 करोड़ रुपये का आवंटन, AIIMS, कैंसर अस्पताल, नए मेडिकल कॉलेज और सुपर स्पेशलिटी अस्पतालों की घोषणाएं राज्य के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही हैं।
यदि ये योजनाएं तय समय पर जमीन पर उतरती हैं, तो आने वाले वर्षों में पश्चिम बंगाल के करोड़ों लोगों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिल सकता है।